Tuesday, 25 September 2018

XML क्या है? इसका क्या उपयोग है?



पिछले 20 सालों से XML का उपयोग एक ऐसे data format के रूप में किया जा रहा है जिसके जरिये अलग-अलग networks, applications, और organizations के बीच बड़ी आसानी से data transport किया जा सकता है। आपने भी कभी-न-कभी XML file जरुर देखा होगा या इसके बारे में सुना होगा। आज हम इसी के बारे में बात करने वाले हैं, आज हम आपको इस article में बताएं की XML क्या है? इसका क्या उपयोग है? इसमें और HTML में क्या अंतर है?

XML क्या है?


XML क्या है? XML का full form Extensible Markup Language है। XML में code लिखने का तरीका बिलकुल HTML जैसा ही है। HTML और XML दोनों में tags का उपयोग किया जाता है। HTML में अलग-अलग tags का उपयोग करके यह describe किया जाता है की page के contents (जैसे text, images आदि) user के screen पर किस प्रकार से display होंगे जबकि XML में tags का use करके data को store और manage किया जाता है।

XML HTML से ज्यादा आसान और customizable है। जहाँ आप HTML में पहले से define किये गये tags का उपयोग करते हैं वहीँ XML में आप खुद से नया tag बना सकते हैं और अपने जरुरत के अनुसार document के structure को तैयार कर सकते हैं इसलिए इसे extensible language कहा जाता है।

उदाहरण के लिए अप नीचे दिया गया XML code देख सकते हैं:
<students>  
<student id="10001">
    <name>Ankit Sharma</name>
    <gender>male</gender>
    <class>10</class>
    <results>
      <result subject="Math" grade="A"/>
      <result subject="Science" grade="B+"/>
      <result subject="Social Science" grade="C"/>
    </results>
</student>
<student id="10002">
    <name>Anita Verma</name>
    <gender>female</gender>
    <class>10</class>
    <results>
      <result subject="Math" grade="B+"/>
      <result subject="Science" grade="A"/>
      <result subject="Social Science" grade="C+"/>
    </results>
</student>
</students>

XML के code को हम एक अलग file में लिखते हैं और उस फाइल को .xml extension के साथ save कर देते हैं। एक XML document बनाने के बाद उसे एक database की तरह भी उपयोग किया जा सकता है। XML में सारे data plain text के रूप में save होते हैं इसलिए इसे किसी भी application के द्वारा access करना बहुत ही आसान होता है।

XML कैसे काम करता है? चलिए अब जानते हैं की आखिर XML काम कैसे करता है। दरअसल XML document में कोड hierarchical structure यानी की एक श्रेणीबद्ध तरीके से लिखा जाता है और इसे read करने के लिए XML parser की जरुरत पड़ती है। Parser इस document को elements, attributes, और अन्य छोटे-छोटे हिस्से में divide कर देता है।

अलग-अलग किये गये इन हिस्सों को जरुरत के अनुसार किसी application के द्वारा access करके display किया जाता है या उस पर कोई operation perform किया जाता है।

यदि document के format में कोई गलती होती है तो यह parser द्वारा error के रूप में बता दिया जाता है।

Data को parser के द्वारा नीचे दिए गये कुछ application पर प्रोसेस करने के लिए भेजा जा सकता है:
  • किसी web browser जैसे Chrome, Firefox आदि को 
  • किसी word processor जैसे Microsoft Word को
  • किसी अन्य database जैसे SQL server को
  • कोई online tool में import किया जा सकता है
  • Java, C, C++ आदि में लिखे गये खुद के प्रोग्राम भी इसे access कर सकते हैं
एक्सएमएल बहुत ही flexible होता है, document से data को retrive करना बहुत आसान होता है और इसे लगभग किसी भी application या program द्वारा access करके उपयोग किया जा सकता है।

XML का क्या उपयोग है? यह कैसे काम करता है यह तो आपने समझ लिया, चलिए अब यह जानते हैं की इसका तरह से और कहाँ-कहाँ उपयोग किया जाता है:

  • XML का उपयोग data store करने के लिए किया जाता है।
  • इसका  मुख्य काम data को presentation से अलग रखना है। इससे उस डाटा को अलग-अलग format में अलग-अलग जगह आसानी से दिखाया जा सकता है।
  • XML को ज्यादातर HTML के साथ मिलाकर उपयोग किया जाता है जहाँ XML data को store रखता है और HTML उस data को किसी table के रूप में या किसी अन्य format में दिखाने का काम करता है।
  • किसी application, program या software में xml को एक database की तरह उपयोग किया जा सकता है।
  • Web developers XML file का उपयोग dynamic content create करने और उसे अलग-अलग style sheets के जरिये दिखाने का काम कर सकते हैं।
  • अलग-अलग programs के बीच data transfer के लिए भी इसका उपयोग किया जाता है।
  • कई सारे organizations में XML का उपयोग आपस में data के आदान-प्रदान के लिए किया जाता है।

XML के क्या-क्या फायदे हैं? (Advantages of XML in Hindi) इसके उपयोग जानने के बाद आपको यह समझ आ गया होगा की यह language कितना महत्वपूर्ण है। अब चलिए हम इसके फायदे के बारे में बात करते हैं:
  • XML बहुत ही आसान है इसमें coding करते समय बहुत ही कम syntax और rules उपयोग होते हैं।
  • इसमें code लिखने के लिए किसी विशेष tool या software की जरुरत नही पड़ती, इसे एक simple code editor या notepad के जरिये लिखा जा सकता है।
  • आप इसमें खुद से tags बना सकते हैं इसलिए किसी tag को याद रखने की जरुरत नही है।
  • यह human readable और machine readable दोनों है।
  • यह data sharing को बहुत ही आसान बना देता है।
  • PHP, Java, JavaScript, ASP, Python, .NET, C, C++ जैसे लगभग सभी programming languages XML को support करते हैं।
XML में क्या कमियां हैं? (Disadvantages of XML in Hindi) आपने ऊपर पढ़ा की इसकी कई सारी खूबियाँ हैं लेकिन इन सबके बावजूद इसमें कुछ ऐसी कमियां भी हैं जिनके बारे में आपको जरूर पता होना चाहिए। नीचे हम xml के disadvantages के बारे में जानेंगे:

  • XML में tags user defined होते हैं यानी की इसकी coding और structure कैसा होगा यह पूरी तरह से लिखने वाले के ऊपर निर्भर होता है जिससे अन्य user को उसे समझने में परेशानी हो सकती है।
  • XML को किसी web browser में display करने के लिए HTML का उपयोग किया जाता है। कोई भी browser XML को directly नही समझ सकता इसे पहले HTML में convert करना पड़ता है।
  • इसमें data type support नही है।
  • इसे प्रोसेसिंग के लिए HTML पर निर्भर रहना पड़ता है।
  • इसमें pre defined syntax नही होते इसलिए इसके कोड redundant हो सकते हैं जिससे की application की efficiency प्रभाव पड़ सकता है।
XML और HTML में क्या अंतर है? यह सवाल आपके मन में शुरुआत से ही आ रहा होगा की HTML और XML दोनों में क्या अंतर है? आखिर दोनों में कोड लिखने का तरीका एक जैसा है। तो इसे समझने के लिए नीचे दिए गये points को जरुर पढ़ें:
HTML XML
HTML का उपयोग data को display करने के लिए किया जाता है। यदि XML और HTML दोनों का उपयोग किया जा रहा है तो वहां HTML यह निर्धारित करता है की XML file से मिला हुआ data user को किस प्रकार से दिखाई देगा। XML को data store करने और transport करने के लिए बनाया गया है।
HTML में सारे tags predefined होते हैं। इसमें आप अपनी जरूरत के अनुसार खुद tags define करते हैं।
HTML में closing tag लगाना जरुरी नही है। XML में closing tag जरुरी है।
HTML case sensitive है। यह case sensitive नही है।
उम्मीद है XML के बारे में यह जानकारी आपको पसंद आई होगी। यदि आप कुछ सवाल पूछना चाहते हैं या सुझाव देना चाहते हैं तो नीचे कमेंट करके हमें जरूर बताएं।

नमस्कार, मैं विवेक, WebInHindi का founder हूँ| यह एक मात्र blog है जहाँ से आप web design & development के tutorials हिंदी में प्राप्त कर सकते हैं| अगर आपको हमारा यह ब्लॉग पसंद आये तो आप हमें social media पर follow कर हमारा सहयोग कर सकते हैं|

This Is The Newest Post

इस Post से सम्बंधित किसी भी तरह का प्रश्न पूछने या सुझाव देने के लिए नीचे comment कीजिये.
EmoticonEmoticon